नई दिल्ली, नवम्बर 30 -- Margashirsha Purnima 2025: हिंदू पंचांग में पूर्णिमा का बड़ा ही पावन और शुभ स्थान है। हर महीने पड़ने वाली पूर्णिमा को सौभाग्य, समृद्धि और मनोबल बढ़ाने वाली तिथि माना जाता है। जब यही पूर्णिमा मार्गशीर्ष माह में पड़ती है, तो इसका महत्व और बढ़ जाता है। इसे मार्गशीर्ष पूर्णिमा कहा जाता है, और मान्यता है कि इस दिन चंद्रमा अपनी संपूर्ण 16 कलाओं से युक्त होकर जीवन में शांति, संतोष और सकारात्मक ऊर्जा लाता है। इस शुभ तिथि पर भगवान विष्णु, मां लक्ष्मी और चंद्र देव की पूजा का विधान है, साथ ही सत्यनारायण भगवान की आराधना भी अत्यंत फलदाई मानी गई है। सदियों से मार्गशीर्ष पूर्णिमा पर स्नान और दान की परंपरा चली आ रही है। गंगा स्नान, तीर्थ स्नान और दान-पुण्य से जीवन में आने वाले संकट दूर होते हैं और घर में सुख-समृद्धि का वास बना रहत...
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