नई दिल्ली, दिसम्बर 29 -- जिन शिक्षकों के कंधों पर देश के भविष्य को गढ़ने की जिम्मेदारी है, वही अब स्कूलों के आस-पास लावारिस कुत्तों की पहचान करेंगे। उत्तराखंड की तर्ज पर राजधानी के सरकारी स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षकों पर लावारिस कुत्तों की गिनती करने का काम सौंपा गया है। यही नहीं, शिक्षा विभाग ने इसके लिए नोडल अधिकारी की तैनाती भी की है। शिक्षकों को शिक्षण संस्थान, स्कूल परिसर और आस-पास घूम रहे लावारिस कुत्तों की गिनती की जिम्मेदारी निभानी होगी। साथ ही, खेल परिसरों के पास भी आवारा कुत्तों के बारे में जानकारी देनी होगी। यह भी पढ़ें- दिल्ली में आवारा कुत्तों का आतंक, स्कूल से लाैट रही बच्ची को घेरकर काटा, फिर.प्रशासन को देनी होगी रिपोर्ट शिक्षकों के मुताबिक, उन्हें कुत्तों की गिनती करने के साथ ही प्रशासन को यह भी बताना होगा कि उनके पुनर्...