देहरादून, दिसम्बर 3 -- रुद्रप्रयाग। दशज्यूला क्षेत्र के बैंजी-काण्डई ग्रामसभा में चल रहे पांडव नृत्य के दौरान एक अद्भुत और अविस्मरणीय दृश्य देखने को मिला, जिसने पूरे क्षेत्र में उत्साह और श्रद्धा का वातावरण बना दिया। आयोजन के बीच में 7 वर्ष का एक बालक, जो कुछ ही क्षण पहले अपने साथियों के साथ खेलकूद में व्यस्त था, अचानक पांडव पश्वाओं के मध्य पहुंच गया और मानो किसी दिव्य शक्ति के प्रभाव में भीमसेन की मुद्रा में नृत्य करने लगा। उसकी चाल, भाव-भंगिमा, थाप पर पकड़ और जोश देखते ही बनता था। ग्रामीणों ने इसे पांडव देवताओं की विशेष कृपा माना। बुजुर्गों के अनुसार इतनी कम उम्र में देव-अवतरण का यह दृश्य अत्यंत विरल है और यह तभी संभव हो पाता है जब समुदाय में देवताओं के प्रति अगाध श्रद्धा और भक्ति हो। आर्यन ने कहा कि मुझे तो कुछ समझ ही नहीं आया। मैं तो ...