लखनऊ, मार्च 21 -- यूपी में नियुक्ति विभाग द्वारा CEO और अद्यौगिक विकास विभाग के सचिव आईएएस अभिषेक प्रकाश के निलंबन आदेश में बिंदुवार एक-एक कर सारी स्थितियां साफ की गई हैं। इसमें बताया गया है कि कैसे एसएईएल सोलर पी-6 प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के आवेदन पर पहले संस्तुति दी गई और बाद में पांच प्रतिशत एडवांस कमीशन न मिलने पर कार्यवृत्त में पुन: परीक्षण की बात लिखकर फाइलों को लटका दिया गया। सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास बुधवार को ही यह मामला पहुंच गया था। उनके पास मामला पहुंचते ही हड़कंप मच गया। उन्होंने मुख्य सचिव व आईआईडीसी मनोज कुमार सिंह को बुलाया और उनसे पूरे मामले की जांच कराई। मुख्य सचिव तुरंत इंवेस्ट यूपी कार्यालय पहुंचे और मामले की जांच पड़ताल कर पूरी रिपोर्ट मुख्यमंत्री को दी। नियुक्ति विभाग ने अपने आदेश में कहा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.