संभल, जनवरी 1 -- जनपद संभल के खेतों में इस समय आलू की खुदाई जोरों पर है, लेकिन किसानों के चेहरों पर खुशी नहीं, चिंता की लकीरें साफ दिखाई दे रही हैं। वजह है आलू के गिरते दाम। जिले में 25 हजार हेक्टेयर से अधिक क्षेत्रफल में आलू की खेती की गई है, लेकिन बाजार में किसानों को महज़ 500 से 550 रुपये प्रति क्विंटल का ही भाव मिल पा रहा है। किसानों का कहना है कि बीज, खाद, सिंचाई, डीजल और मजदूरी की बढ़ती लागत के सामने यह कीमत सीधे-सीधे घाटे का सौदा है। कई किसानों ने बताया कि एक क्विंटल आलू की लागत ही 800 से 1000 रुपये तक पहुंच जाती है, ऐसे में मौजूदा दाम किसानों की कमर तोड़ रहे हैं। घाटे से परेशान किसान और किसान संगठनों ने सरकार से आलू पर न्यूनतम समर्थन मूल्य घोषित करने की मांग तेज कर दी है। किसानों का कहना है कि जब गेहूं, धान और गन्ने की सरकारी खरीद...