नई दिल्ली, जुलाई 9 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। देश में मोटापे को लेकर हुए एक अध्ययन में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। इसमें कहा गया है कि 43.3 फीसदी लोग ऐसे हैं, जो वजन के हिसाब से तो मोटे नहीं है लेकिन उनका मेटाबॉलिज्म खराब हो चुका है। उनमें वही लक्षण पाए गए हैं, जो आमतौर पर मोटे लोगों में होते हैं। मेटाबॉलिज्म का मतलब शरीर की उन रसायनिक क्रियाओं से है, जो भोजन को ऊर्जा में बदलती हैं। दो श्रेणियों में मोटापे की समस्या : इंडियन जर्नल मेडिकल रिसर्च के ताजा अंक में प्रकाशित इस अध्ययन में मोटापे की समस्या को दो श्रेणियों में रखा गया है। एक वजन को आधार बनाकर दूसरा मेटाबालिज्म को आधार बनाकर। इसके आधार पर नतीजों को चार उप श्रेणियों में विभाजित किया गया है। शोध के दौरान कुल पांच शारीरिक पैरामीटरों को आधार बनाया गया, जिनमें कमर का आकार, उच्च रक्...
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