नई दिल्ली, अगस्त 1 -- नई दिल्ली। विशेष संवाददाता सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को आर्मी मेडिकल कॉलेज एंड साइंसेज से कहा कि आप एमबीबीएस इंटर्न से 18 से 19 घंटा काम कराते हैं और उनको छात्रवृति नहीं देना चाहते हैं। शीर्ष अदालत ने आर्मी मेडिकल कॉलेज को 2022 के एमबीबीएस इंटर्न को 25,000 रुपये प्रति माह की दर से छात्रवृति का बकाया रकम का भुगतान करने का निर्देश देते हुए यह टिप्पणी की। जस्टिस सुधांशु धूलिया और अरविंद कुमार की पीठ ने आर्मी मेडिकल कॉलेज की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता आर. बालासुब्रमण्यम से पूछा कि 3 साल बीत जाने के बाद भी डॉक्टरों को छात्रवृति क्यों नहीं दी गई। सुप्रीम कोर्ट ने सितंबर 2023 में एक आदेश पारित करते हुए अक्टूबर 2023 से शुरू होने वाले इंटर्नशिप करने वाले एमबीबीएस छात्रों को 25,000 रुपये मासिक छात्रवृति देने का निर्देश दिया था। शुक...
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