धनबाद, दिसम्बर 13 -- जोड़ापोखर, प्रतिनिधि। डिगवाडीह डिनोबली स्कूल परिसर में शुक्रवार को एक भावुक और ऐतिहासिक पल का साक्षी बना। जब 1975 बैच के पूर्ववर्ती छात्र 50 वर्षों के बाद अपने दूसरे घर लौटे। गोल्डन जुबिली री-यूनियन के अवसर पर देश के विभिन्न राज्यों-वेल्लोर, मुंबई, दिल्ली, पंजाब सहित कई स्थानों से आए पूर्ववर्ती ने अपने स्कूली दिनों की यादें साझा कीं और वर्तमान विद्यार्थियों को प्रेरित किया। कार्यक्रम में शामिल डॉ. आलोक श्रीवास्तव, जो सीएमसी वेल्लोर में कार्यरत हैं ने अपने संघर्ष और सफलता की कहानी साझा करते हुए छात्रों को करियर निर्माण के लिए मार्गदर्शन दिया। मुंबई के प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. संजय श्रीवास्तव ने भी अपनी यात्रा बताते हुए कहा कि अनुशासन और निरंतर प्रयास ही सफलता का मूल मंत्र है। बैच के अन्य सदस्यों निखिल रावल (बिजनेसमैन), राक...