चाईबासा, नवम्बर 7 -- वन्दे मातरम राष्ट्रगीत के 150वा वर्षगांठ पर महिला कॉलेज चाईबासा में छात्राओं और प्राध्यापकों द्वारा गाया गया और सभी को इस गीत के महत्व से अवगत करवाया गया। मौके पर प्राचार्या डॉ प्रीतिबाला सिन्हा ने कहा आज जब वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे हो रहे हैं। इस अवसर पर हम सब मा भारती के चरणों में प्रणाम करना चाहिए और उस गीत को एक स्वर में गाना चाहिए। जो हमें एक करता है एवं ऊर्जावान बनाता है। और याद दिलाता है कि हम भारतीय हैं और भारत हमारी आत्मा है। इस अवसर पर डॉ अर्पित सुमन ने कहा कि वंदे मातरम् 150 साल पहले लिखे गए इन शब्दों ने लाखों दिलों में मातृभूमि के लिए प्रेम और बलिदान की ज्योति जलाई थी। यह केवल एक गीत नहीं बल्कि एक आह्वान था, अपनी मिट्टी से प्रेम का, अपने स्वाभिमान का, अपने अस्तित्व का। इस अवसर पर प्राध्यापक सितेंद्र रंज...
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