पूर्णिया, जनवरी 31 -- मीरगंज, एक संवाददाताप्रत्येक मनुष्य को अपने कर्मों का फल भोगना पड़ता है। जैसा कर्म करोगे वैसा फल भोगोगे, उसे कोई नहीं रोक सकता। सभी को अपने-अपने कर्मों का फल मिलता है। ये बातें गुरुवार को मीरगंज नगर पंचायत अंतर्गत बरहकोना गांव में आयोजित दो दिवसीय संतमत सत्संग ध्यान अधिवेशन के मौके पर हरिद्वार संतमत से आए स्वामी मुक्तानंद जी महाराज ने कही। उन्होंने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा सत्संग के रास्ते ही मोक्ष की प्राप्ति हो सकती है क्योंकि सत्संग के माध्यम से ही व्यक्ति में सद्गुण का समावेश हो सकता है। उन्होंने गुरु की महिमा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सच्चे सदगुरू का मिलना परम प्रभु सर्वेश्वर मिलने के समान है। उन्होंने कहा मनुष्य शरीर क्षणिक एवं क्षणभंगुर है । अतः गुरु से युक्ति जानकर मुक्ति प्राप्त कर सकते हैं। आत्म...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.