अल्मोड़ा, फरवरी 14 -- विज्ञान संग्रहालयों को अब पारंपरिक प्रदर्शनों तक सीमित न रहकर अनुभवात्मक और सीखने के केंद्रों के रूप में विकसित करना होगा। रोबोटिक्स, कोडिंग, वर्चुअल रिएलिटी व विज्ञान के अन्य पहुलुओं को आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस से जोड़ने की जरूरत है। यह बात 21वें राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय प्रमुखों के सम्मेलन में वैज्ञानिकों व विशेषज्ञों ने कही। मानसखण्ड विज्ञान केंद्र में राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद (एनसीएसएम) कोलकाता के मार्गदर्शन में उत्तराखंड राज्य विज्ञान व प्रौद्योगिकी परिषद (यू-कॉस्ट) की ओर से हुए सम्मेलन में दूसरे दिन विभिन्न तकनीकी सत्रों में विज्ञान संग्रहालय प्रमुखों, वैज्ञानिक, शिक्षाविद और विशेषज्ञों ने अपने विचार रखे। विज्ञान व प्रौद्योगिकी से जुड़े समसामयिक और भविष्यपरक विषयों पर विचार-विमर्श किया। निदेशक एनएससी ...