नई दिल्ली, अप्रैल 18 -- टेस्ट क्रिकेट को बचाने के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट बोर्ड यानी आईसीसी और कई देशों के क्रिकेट बोर्ड आगे आ रहे हैं, क्योंकि खेल का ये सबसे पुराना फॉर्मेट अपनी प्रासंगिकता खो रहा है। टेस्ट क्रिकेट में पिंक बॉल को भी इंट्रोड्यूस किया गया है, लेकिन तमाम देश इससे खेलने से कतरा रहे हैं। सिर्फ ऑस्ट्रेलिया ही इस पर जोर देता है। इसके अलावा टेस्ट क्रिकेट में ये भी एक समस्या है कि मैच बैड लाइट होने के कारण रोकना पड़ता है, जिसको लेकर अब क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया की नए सीईओ आगे आए हैं और उन्होंने कहा है कि इसका समाधान खोजिए, क्योंकि अब 2025 चल रहा है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के सीईओ टॉम ग्रीनब् ने कहा किखराब रोशनी के कारण खेल रुकने की समस्या का समाधान ढूंढना होगा तथा इस बात पर जोर देना होगा कि भुगतान करने वाले प्रशंसकों को सबसे आगे रखा जाना च...
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