नई दिल्ली, जनवरी 3 -- गिग कर्मचारियों की कमाई और कामकाजी परिस्थितियों को लेकर जारी बहस के बीच जोमैटों के संस्थापक दीपिंदर गोयल ने कहा कि यह व्यवस्था डिलीवरी करने वाले कर्मियों पर दबाव नहीं डालती तथा लचीले कार्य घंटे और कल्याणकारी सुविधाएं गिग कार्य को अनेक लोगों के लिए आय का भरोसेमंद साधन बनाती हैं। गोयल की यह टिप्पणी ऐसे समय आई जब गिग कर्मियों के संगठन बेहतर भुगतान और कार्य परिस्थितियों की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। गोयल ने 'एक्स' पर लिखा कि वर्ष 2025 में जोमैटो और ब्लिंकिट ने डिलीवरी करने वाले सहयोगियों के लिए बीमा सुरक्षा पर 100 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए। वर्ष 2025 में जोमैटो पर एक डिलीवरी सहयोगी की औसत प्रति घंटे की कमाई (उपदान को छोड़कर) 102 रुपये रही, जबकि वर्ष 2024 में यह 92 रुपये थी। यह वार्षिक आधार पर लगभग 10.9 प्रतिशत ...