शिमला, जनवरी 2 -- हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने राज्य में "चिट्टा" या हेरोइन ड्रग के बढ़ते चलन और असर को रोकने के लिए तीन-चरणीय एक्शन प्लान पर जोर दिया है। सीएम सुक्खू ने गुरुवार को कहा पहला कदम जागरूकता बढ़ाना है, उसके बाद सख्त कार्रवाई करना और अगर कोई नशे का आदी पाया जाता है, तो उसे प्रोफेशनल इलाज देना है, ताकि उन्हें समाज की मुख्यधारा में वापस लाया जा सके। यह भी पढ़ें- हिमाचल प्रदेश कल्याण बोर्ड 953 के खिलाफ करेगा केस, क्या हैं आरोप?सरकारी कर्मचारियों को चेतावनी उन्होंने बताया, "पंजाब से सटे बॉर्डर पर चिट्टा (हेरोइन ड्रग) का असर बढ़ रहा था, इसलिए हमने तीन तरह के कदम उठाए। पहला कदम - लोगों में जागरूकता बढ़ाना... दूसरा, ड्रग सप्लायरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना और तीसरा, अगर कोई चिट्टा का आदी हो गया है, तो हम इसे ...