लखीसराय, फरवरी 24 -- कजरा, एक संवाददाता। होली पर्व नजदीक आते ही सड़कों पर चलने वाले कई निजी और सार्वजनिक वाहनों में तेज आवाज में फूहड़ और अशोभनीय गीत बजाए जाने लगे हैं। इससे विशेष रूप से महिलाओं और परिवार के साथ यात्रा कर रहे लोगों को असहज स्थिति का सामना करना पड़ रहा है। यात्रियों का कहना है कि इस तरह के गीतों के बोल न केवल आपत्तिजनक होते हैं, बल्कि सार्वजनिक मर्यादा के भी खिलाफ हैं। महिलाओं ने बताया कि आटो और अन्य वाहनों में सफर के दौरान ऐसे गीत बजने से उन्हें शर्मिंदगी झेलनी पड़ती है। कई अभिभावकों ने भी चिंता जताई कि छोटे बच्चों के साथ यात्रा करते समय उन्हें असुविधा होती है और उन्हें बार-बार बच्चों का ध्यान भटकाना पड़ता है। स्थानीय लोगों और यात्रियों ने प्रशासन से इस पर ठोस कदम उठाने की मांग की है। उनका कहना है कि सार्वजनिक स्थलों और व...