रांची, अगस्त 27 -- मानसून सत्र में अतिवृष्टि पर विशेष चर्चा के दौरान कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने सदन में कहा इससे सिर्फ फसल नहीं, मकान, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली की समस्या सामने आई है। विभाग ने जिलों से रिपोर्ट मंगाई है। धान में 10 प्रतिशत का नुकसान हुआ है, लेकिन मोटे अनाज में ज्यादा नुकसान हुआ है। आपदा निधि से फसल से लेकर मकान तक की क्षति की भरपाई की जाएगी। फसल बीमा योजना चलाई जा रही है। किसानों के लिए मुआवजा प्रावधान किया जा रहा है। बिरसा फसल योजना के तहत निबंधन जारी है। उन्होंने कहा कि देश में सामान्य से एक प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। यानी 535 मिमि के बजाय 536 मिमी बारिश हुई है। जबकि झारखंड में इस वर्ष 760 मिमी बारिश हुई है जो पिछले वर्ष की तुलना में तीन गुना है। मौसम विभाग के अनुसार इस वर्ष राज्य में 70 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.