पीटीआई, दिसम्बर 3 -- हिमाचल सरकार द्वारा 1,843 करोड़ रुपये की हिस्सेदारी समय पर न चुकाने के कारण 63 किलोमीटर लंबी भानुपल्ली-बिलासपुर-बेरी नई रेल लाइन परियोजना की प्रगति पर गंभीर असर पड़ा है। रेलवे मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में यह जानकारी साझा करते हुए कहा कि परियोजना लागत साझा मॉडल (Cost-Sharing Model) पर आधारित है और इसमें राज्य सरकार की देरी से निर्माण कार्य प्रभावित हुआ है। मंत्री वैष्णव ने बताया कि परियोजना के लिए हिमाचल प्रदेश में कुल 124.02 हेक्टेयर भूमि की जरूरत है, जिसमें से 82 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण पूरा हो चुका है, और उपलब्ध भूमि पर काम जारी है। अब तक इस परियोजना पर 5,252 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं, जबकि हिमाचल सरकार पर 1,843 करोड़ रुपये का बकाया है। मंत्री ने साफ कहा कि राज्य सरकार का योगदान न मिलने से परियोजना क...
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