वाराणसी, दिसम्बर 4 -- वाराणसी, वरिष्ठ संवाददाता। औरंगाबाद में किराये पर रहने वाली मां ने हरिश्चंद्र घाट पर बेटे को मुखाग्नि दी। समाजसेवी अमन कबीर की मदद से घाट तक पहुंची मां मुखाग्नि देते वक्त फफक पड़ी। किराये के मकान से घाट तक सारथी बने अमन कबीर और एंबुलेंस चालक से लिपट पड़ी। कहा कि सगा बेटा तो चला गया लेकिन दो और बेटे मिल गए। अमन कबीर ने बताया कि बुधवार रात 10 बजे औरंगाबाद के रोहित चौरसिया ने सूचना दी कि एक मकान में छह घंटे से शव पड़ा है, परिवार में केवल मां है। अमन कबीर अपनी एंबुलेंस से पहुंचे। बताया कि तीन मंजिला मकान की छत पर टिन शेड में रहने वाली कुसुम अपने 32 साल के बेटे राहुल के शव के पास रो रही थीं। बताया कि पति नंदलाल 15 साल पहले छोड़कर चले गए। एक बेटी है लेकिन मतलब भर आती है। न मोहल्ले के लोग पहुंचे, ना ही कोई अपना। इसके बाद अम...