एटा, नवम्बर 14 -- विश्वविख्यात दरगाह खानकाहे बरकातिया में तीन दिवसीय 100वां उर्स-ए-कासमी शुक्रवार को हल्का-ए-जिक्र कादरिया के साथ जायरीन और अकीदतमंदों की मौजूदगी में शुरू हो गया। उर्स के पहले दिन गुलशन-ए-बरकत पार्क में सजी महफिल में बड़ी संख्या में जायरीन शामिल हुए। आने वाले दिनों में बड़ी संख्या में भीड़ को देखते हुए पुलिस, खुफिया विभाग और पीएसी बल को चप्पे-चप्पे पर तैनात किया गया। उर्स का समापन रविवार को कुल की फातिहा के साथ होगा। उर्स की महफिल को संबोधित करते हुए खानकाहे बरकातिया के सज्जादानशीं सैयद नजीब हैदर नूरी ने कहा कि हम सबको अपने मां-बाप की इज्जत करनी चाहिए। नमाज की पाबंदी करनी चाहिए। इंसान की कामयाबी मां-बाप की दुआ और अल्लाह की इबादत में है। पहले मां-बाप का अदब करना जरूरी है। नात, तकरीर और तिलावत से गुलशन-ए बरकत गूंज उठा। जामिय...