नोएडा, अक्टूबर 8 -- नोएडा का निठारी गांव एक बार फिर सुर्खियों में है, लेकिन इस बार खबरों में उम्मीद की जगह निराशा और लाचारी का माहौल है। करीब दो दशक पहले 2006 में हुए दिल दहलाने वाले हत्याकांड ने पूरे देश को झकझोर दिया था। अब, सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को मुख्य आरोपी सुरेंद्र कोली की सजा पर फैसला सुरक्षित रखा और टिप्पणी की कि उनकी सजा को बरकरार रखना 'इंसाफ का मजाक' होगा। इस बयान ने पीड़ित परिवारों की बची-खुची उम्मीदों को भी तोड़ दिया है।वो खौफनाक मंजर, जो आज भी जिंदा है निठारी के सेक्टर 31 में स्थित डी-5 बंगले के बाहर आज घने झाड़ और बेलों ने कब्जा जमा लिया है। दीवारें जर्जर हो चुकी हैं, ठीक उसी तरह जैसे इस केस की यादें धुंधली पड़ती जा रही हैं। लेकिन उन माता-पिताओं के लिए, जिन्होंने अपने बच्चों को खोया, ये दर्द आज भी ताजा है। एक 63 साल के प...
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