फरीदाबाद, अप्रैल 19 -- पलवल संवाददाता। हथीन बाइपास योजना अनियमितताओं की भेंट चढ़ गई है। वन विभाग की परमिशन न मिलने से काम एक साल से रुका है। वहीं, जहां सड़क बनी भी है, वह जगह-जगह से टूटने लगी है। लोगों ने जांच और कार्रवाई की मांग की है। लोगों का आरोप है कि वर्षों से लंबित हथीन बाइपास का सपना अब अनियमितताओं और लापरवाही के कारण टूटने लगा है। 23 फरवरी 2020 को मुख्यमंत्री द्वारा स्वीकृत इस योजना के तहत लगभग पांच किलोमीटर लंबे और 100 फुट चौड़े बाइपास का निर्माण किया जाना था। इसके लिए करीब 59 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जिनमें से 16 करोड़ रुपये सड़क निर्माण पर और बाकी भूमि अधिग्रहण पर हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि ठेकेदार ने निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया है, जिससे सड़क अभी उपयोग में आने से पहले ही टूटने लगी है। रिंडका गांव ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.