लखनऊ, दिसम्बर 2 -- शहर में खुले कई स्वास्थ्य केंद्रों पर डॉक्टर नहीं हैं। कई केंद्र पर डॉक्टर की जगह पैरामेडिकल स्टाफ मरीजों का इलाज कर रहे हैं। गंभीर मरीजों को इलाज, जांच के लिए दूसरे अस्पताल पर भेजा जाता है। वहीं, सीएमओ कार्यालय में नियम को दरिकिनार कर जूनियर डॉक्टर को अफसर बनाया गया है। इस मामले में मुख्यमंत्री, डिप्टी सीएम से शिकायत हुई है। मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। सीएमओ के अधीन 108 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, 54 पीएचसी हैं। इसमें 16 केंद्र छह माह से खाली हैं। वहां पर इलाज के लिए डॉक्टर नहीं हैं। मरीजों को दूसरे केंद्र पर इलाज के लिए जाना पड़ रहा है। कई केंद्र पर फार्मासिस्ट व नर्स मरीजों का इलाज कर रहे हैं। इसके इतर लेवल 1 ग्रेड के डॉक्टर को सीएचसी से हटाकर सीएमओ कार्यालय में तैनाती दी गई है। बिना पद सह नोडल भी बनाया गया है। सीए...
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