बागपत, जुलाई 22 -- शासन परंपरागत खेती से हटकर बागवानी और सब्जियों की खेती करने पर जोर दे रही है। एकीकृत बागवानी मिशन योजना के माध्यम से किसानों को समृद्ध किया जाएगा। सब्जियों और बागवानी की फसलों के लिए किसानों को पहले आओ पहले पाओ के आधार पर लाभ दिया जाएगा। किसानों को फसल पर प्रति हेक्टेयर अनुदान भी दिया जाएगा। किसान खेती के प्रति जागरूक हो रहे हैं। जिले के दर्जनों प्रगतिशील किसान परंपरागत खेती से हटकर बागवानी और सब्जियों की खेती कर रहे हैं। इसमें आम, अमरूद, बेर, बेल और किन्नू की खेती शामिल है। सब्जियों में पत्ता गोभी, बंदगोभी, बैंगन टमाटर, काशीफल, करेला, लोकी, तोरई, भिंडी ग्वार की खेती की जा रही है। किसान आसपास की मंडियों के साथ दिल्ली और गाजियाबाद की मंडी में भी उत्पाद भेजते हैं। शासन ने इस वित्तीय वर्ष में एकीकृत बागवानी मिशन योजना के त...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.