बागपत, अक्टूबर 14 -- सुरक्षित प्रसव व शिशु मृत्युदर कम करने के लिए शासन तमाम योजनाएं संचालित कर रहा है। गर्भवती महिलाओं की गर्भावस्था के दौरान टीकाकरण कर स्वास्थ्य की जांच की जाती है। स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया जाता है और बचाव की जानकारी भी दी जाती है। वहीं तमाम योजनाओं के बाद भी जिले में गर्भवती महिलाएं स्वस्थ नहीं हैं। वह खून की कमी से जूझ रही हैं। ऐसी गर्भवती महिलाओं की संख्या सैकड़ों में है जिनमे 7 पॉइंट तक ही खून हैं, फिर ऐसे में सुरक्षित व सेहतमंद नवजात कैसे हो? खानपान में कमी और बिगड़ी दिनचर्या के कारण गर्भवती महिलाओं में खून की कमी देखने को मिल रही है। चिकित्सकों ने प्रसव से पहले महिलाओं को ब्लड चढ़ाने की सलाह दी है। कई गर्भवती महिलाएं हाई रिस्क की श्रेणी में चिह्नित की गई हैं। इससे गर्भवती महिलाओं के लिए चल रही योजनाओं की हकीकत ...
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