सुपौल, जनवरी 19 -- सुपौल, एक संवाददाता। सदर प्रखंड के दुर्गा मंदिर परिसर में शतचंडी महायज्ञ व श्रीमद् भागवत कथा एवं हवन कार्यक्रम का शुभारंभ सोमवार को हो गया । उक्त कार्यक्रम को लेकर वैदिक मंत्रोच्चारण तथा भजन - संगीत से बरुआरी गांव सहित आसपास के क्षेत्रों भी भक्तिमय बना रहा । इस दौरान हवन के दौरान वैदिक ध्वनि से जहां वातावरण मंत्रमुग्ध रहा ,वहीं श्रीमद् भागवत कथा पुराण में सोमवार को प्रवचन देते आचार्य पौराणिक श्रीकृष्णानंद शास्त्रीजी महाराज ने शतचंडी यज्ञ पर वर्णन करते कहा कि मनुष्य सृष्टि की सर्वोत्तम रचना है। चौरासी लाख जीवों की योनियों में मानव को श्रेष्ठ माना गया है। ईश्वर का काम सृष्टि करना पालन करना संचार करना वेदों ने सुनिश्चित किया है। यह तीनों कार्य करने के लिए जिस शक्ति की आवश्यकता है, वही शक्ति देवी कही जाती हैं। इनके तीन रूप ...