टिहरी, नवम्बर 30 -- सीटू उत्तराखण्ड के नवें राज्य सम्मेलन के दूसरे दिन सीटू पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार द्वारा लागू किए गए चार श्रम कोडों (लेबर कोड्स) की प्रतियां जलाकर केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और केंद्र सरकार की मजदूर विरोधी नीतियेां का जमकर विरोध किया। इस मौके पर सीटू के प्रांतीय अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह नेगी ने कहा कि ये चारों कोड श्रम संबंध, वेतन, सामाजिक सुरक्षा और व्यावसायिक सुरक्षा से जुड़े कानून मजदूरों के अधिकारों को कमजोर करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने इन्हें वर्ष 2020 में कोरोना काल के दौरान गैर-जनतांत्रिक तरीके से पारित किया था और अब इनके लागू होने से देश के मजदूरों की स्थिति और असुरक्षित हो जाएगी। नेगी ने आगे कहा कि इन कानूनों के अंतर्गत मजदूरों को हड़ताल, यूनियन बनाने और न्यूनतम वेतन के...