लोहरदगा, जनवरी 21 -- लोहरदगा, संवाददाता। लोहरदगा जिले में बाल विवाह की घटना को विधिक सेवा प्राधिकार और संबद्ध एजेंसियों के प्रयासों से रोका गया। कुछबाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के उपबंधों का इस्तेमाल पहली बार बाल विवाह रुकवाने के लिए किया गया। बच्चों के अधिकारों की रक्षा हेतु कार्य कर रही जिला समन्वयक, अभिलाषा की भूमिका इसमें अहम रही। बाघा पंचायत के पंचायत सचिव महफूज अंसारी ने बाल विवाह के प्रयास की जानकारी जिला प्रशासन को दी। इस पर कार्रवाई के लिए प्राधिकृत जिला समन्वयक ने त्वरित रूप से डालसा सचिव राजेश कुमार को सभी तथ्यों से अवगत कराया। डालसा सचिव ने संपन्न किए जा रहे बाल विवाह के शादी का कार्ड देखा और विद्यालय से निर्गत जन्म प्रमाण पत्र के परीक्षण के पश्चात पंचायत सचिव, जो बाल विवाह निषेध पदाधिकारी के रूप में भी कार्य करते हैं, से ...