रांची, नवम्बर 3 -- रांची। विशेष संवाददाता सामान्य स्नातक योग्यताधारी संयुक्त प्रतियोगिता (सीजीएल 2023) के तहत 21 व 22 सितंबर को ली गयी परीक्षा में गड़बड़ियों की सीबीआई जांच के लिए दायर याचिका पर सोमवार को सभी पक्षों की सुनवाई पूरी करने के बाद हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है। चीफ जस्टिस तरलोक सिंह चौहान और जस्टिस राजेश शंकर की अदालत ने फैसला सुरक्षित रखते हुए पूर्व में मेरिट लिस्ट जारी नहीं करने के अंतरिम रोक को बरकरार भी रखा है। सुनवाई के दौरान महाधिवक्ता राजीव रंजन ने कोर्ट को बताया कि उक्त परीक्षा में पेपर लीक होने के कोई साक्ष्य नहीं मिले हैं। सीआईडी की जांच में अभी तक किसी तरह के पेपर लीक की बात सामने नहीं आयी है। अलग-अलग तीन वर्षों के कुछ प्रश्नों की पुनरावृत्ति हुई है। इस पेपर लीक नहीं माना जा सकता है। कुछ गेस क्वेश्चन को पेपर...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.