गया, नवम्बर 27 -- ठंड के साथ तिलकुट का बनना और बिक्री शुरू है। नवंबर में सीजन शुरू होते ही शहर के घर से लेकर दुकानों में तिलकुट कूटे जा रहे हैं। जैसे-जैसे ठंड बढ़ेगी वैसे-वैसे तिलकुट का कारोबार भी गर्म होता जाएगा। मांग बढ़ने लगी है। लोकल व सूबे के अन्य जिलों के अलावा दूसरे प्रदेशों में तिलकुट भेजे जा रहे हैं। बिहार-झारखंड से लेकर पश्चिम बंगाल, यूपी व दिल्ली तक तिलकुट की सोंधी खुशबू फैली है। दूसरे प्रदेशों में प्रतिदिन करीब 60 से 70 क्विंटल का सप्लाई है। दिसंबर के 15 दिन बीत जाने के बाद गया में तिलकुट के कारोबार ने कुटीर उद्योग जैसा हो गया है। जैसे-जैसे मकर संक्रांति नजदीक आएगा कारोबार भी बढ़ेगा। फरवरी तक तिलकुट की सोंधी महक फैली रहेगी। । इस साल तिलकुट का रेट 300 से लेकर से 380 रुपये किलो है। दो-चार दुकानों में 400 रुपये भी है। 16 साल पहले 20...