अमरोहा, नवम्बर 13 -- मंडी धनौरा। ग्लोबल पंजाबी एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष व शिक्षाविद डा..सोरन सिंह ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को ज्ञापन भेजते हुए सिख गुरुओं के इतिहास को शैक्षिक पाठयक्रम में शामिल किए जाने की मांग की। कहा कि सिख गुरु श्रीगुरुतेगबहादुर सिंह ने ही सबसे पहले अपने प्राणों का बलिदान हिन्दू धर्म की रक्षा के लिए किया था। सिख गुरुओं ने देश, धर्म एवं सनातन की रक्षा के लिए संघर्ष एवं बलिदान देने का काम किया है, जो अतुल्य है। बताया कि एक सप्ताह के भीतर ही दसवें गुरु श्रीगुरुगोविंद सिंह का पूरा परिवार धर्म रक्षा के लिए शहीद हो गया। इसके अलावा मुगल शासकों ने उन्हें अमानवीय यातनाएं भी दीं। देश की आजादी के 78 वर्ष बाद भी पूर्ववर्ती सरकारों ने सिख गुरुओं के पराक्रम को स्कूली पाठयक्रम से दूर रख हिन्दू एवं सिक्खों में भेद उत्...