नवादा, फरवरी 11 -- नवादा/नारदीगंज, हिसं/संसू। नारदीगंज प्रखंड के बाजार हों या बस्ती बिगहा, वनगंगा और भट्ट बिगहा जैसे ग्रामीण इलाके-हर तरफ बिखरी हुई रंग-बिरंगी प्लास्टिक की थैलियां आज विकास की नहीं, बल्कि विनाश की कहानी सुना रही हैं। सरकारी प्रतिबंध के बावजूद राशन दुकानों, सब्जी मंडियों और फल बाजारों में सिंगल यूज प्लास्टिक का बेखौफ इस्तेमाल यह बताने के लिए काफी है कि हम अपनी सुख-सुविधा के लिए अपने भविष्य को दांव पर लगा चुके हैं। आमलोग यह कहते जरूर मिल जाते हैं कि प्लास्टिक की यह समस्या केवल गंदगी तक सीमित नहीं है, यह हमारे पारिस्थितिक तंत्र पर एक ऐसा प्रहार है जिसका घाव समय के साथ गहरा होता जा रहा है। प्लास्टिक के ढेर पर बैठा हमारा समाज एक ऐसे ज्वालामुखी पर है, जो कभी भी फट सकता है। लेकिन इसके बाद भी लोग चेत नहीं रहे हैं। नारदीगंज के प्रब...