बाराबंकी, जनवरी 23 -- बाराबंकी। परिषदीय विद्यालयों के कायाकल्प अभियान के करीब साढ़े सात सात का समय बीत चुका है लेकिन अभी भी जिले में करीब 135 विद्यालयों की बाउंड्रीवाल नहीं बनाई जा सकी है। जिससे इन विद्यालयों में छुट्टा जानवरों व कुत्तों के आने से उनके हमले का डर बना रहता है। इसके ही परिसर में बाहरी लोगों को आना जाना लगा रहता है। नौनिहालों की सुरक्षा को रहता है खतरा: सूरतगंज संवाद के अनुसार परिषदीय विद्यालयों की दशा-दिशा सुधारने के लिए चलाया गया कायाकल्प अभियान सूरतगंज क्षेत्र में कागजों तक सिमटता नजर आ रहा है। शिक्षा क्षेत्र सूरतगंज में कुल 206 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं, जिनमें 143 प्राथमिक, 35 उच्च प्राथमिक और 28 कंपोजिट विद्यालय शामिल हैं। बावजूद इसके, आज भी करीब एक दर्जन से अधिक विद्यालय ऐसे हैं जिनकी बाउंड्रीवॉल तक नहीं है, जिससे न...
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