नई दिल्ली, जनवरी 26 -- आज स्मार्टफोन हमारी पर्सनल जानकारी का सबसे बड़ा सोर्स भी बन चुके हैं। ऐसे में ज्यादातर यूजर्स मानते हैं कि उनके फोन में मौजूद ऐप्स सुरक्षित हैं और उनका डाटा उनके कंट्रोल में है। हालांकि, हकीकत ये है कि कई आम और रोज इस्तेमाल होने वाले ऐप्स चुपचाप यूजर्स की पर्सनल जानकारी बाहर भेज रहे हैं, जिसकी भनक तक उन्हें को नहीं लगती। इन ऐप्स के जरिए यूजर्स की लोकेशन, डिवाइस से जुड़ी जानकारी, ऐप इस्तेमाल करने की आदतें और ब्राउजिंग पैटर्न जैसा सेंसिटिव डाटा कलेक्ट किया जा सकता है। ऐप्स का यही डाटा आगे थर्ड-पार्टी सर्वर तक पहुंचता है, जहां इसका इस्तेमाल ऐड दिखाने से लेकर प्रोफाइलिंग तक के लिए किया जाता है। अगर आप इन तीन तरह के ऐप्स यूज करते हैं तो संभव है कि आपका डाटा भी पूरी तरह सेफ ना हो।Free VPN ऐप्स सबसे बड़ा खतरा Free VPN Apps...