चाईबासा, नवम्बर 12 -- चाईबासा, संवाददाता। सारंडा वाइल्ड लाइफ सेंचुरी के विरोध में 16 नवंबर को होने वाली आर्थिक नाकेबंदी को झामुमो द्वारा नैतिक समर्थन दिए जाने के बाद राजनीतिक गलियारों में बहस शुरू हो गई है। पूर्व सांसद एवं भाजपा की प्रदेश प्रवक्ता गीता कोड़ा ने इसे झामुमो का दोहरा चरित्र बताया है। उन्होंने कहा कि एक ओर झामुमो सरकार ने ही वाइल्ड सेंचुरी को मंजूरी दी, वहीं दूसरी ओर अब उसी निर्णय के विरोध में सामाजिक संगठनों के पीछे छिपकर जनता को भ्रमित करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि झामुमो के विधायक व सांसदों को स्पष्ट करना चाहिए कि वह हेमंत कैबिनेट के निर्णय सारंडा सेंचुरी मामले के पक्ष में हैं या उसके खिलाफ?

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...