उन्नाव, जनवरी 11 -- उन्नाव। कड़ाके की सर्दी अब सिर्फ खांसी-बुखार तक सीमित नहीं रह गई। जनपद में तापमान की गिरावट के साथ नवप्रसूता महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर गंभीर संकट मंडरा रहा है। ऐसे में पोस्टपार्टम ब्लूज के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक, सर्दी का मौसम प्रसवोत्तर अवसाद के लिए सबसे खतरनाक साबित हो रहा है। जिला अस्पताल के आंकड़ों के अनुसार, बीते दो महीनों में 32 प्रसूता महिलाएं पोस्ट पार्टम ब्लूज की शिकायत लेकर पहुंचीं। इनमें से अधिकांश ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाएं शामिल हैं। जनपद के पुरवा, औरास और भगवंतनगर जैसे क्षेत्रों में इस बीमारी के ज्यादा केस दर्ज हो रहे है। इस बीमारी से पीड़ित प्रसूताओं में अचानक उदासी, चिड़चिड़ापन, नींद न आना और नवजात शिशु के प्रति उदासीनता जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। अस्पताल के मनोचिकित्सक ...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.