कोडरमा, फरवरी 8 -- झुमरी तिलैया, निज प्रतिनिधि सुप्रीम कोर्ट द्वारा निजी व सरकारी स्कूलों में छात्राओं के लिए अलग से शौचालय का आदेश दिया गया है। अलग शौचालय नहीं होने पर स्कूलों की मान्यता भी रद्द हो सकती है। इसको लेकर हिन्दुस्तान अखबार द्वारा जमीन हकीकत जानने को लेकर शुरू किये गये अभियान के तहत अंतिम दिन छात्राओं की माताओं व अभिभावकों से शनिवार को संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। संवाद कार्यक्रम के दौरान माताओं व अभिभावकों ने कहा कि शौचालय किसी भी व्यक्ति की पहली जरूरत है और सरकारी विद्यालयों में अगर कहीं इसकी कमी तो उसे दूर किया जाना चाहिए साथ हीं नियमित साफ-सफाई होना भी आवश्यक है, चूंकि यह बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़ा है और हीं छात्राओं के लिए यह संवेदनशील मामला है। उन्होंने कहा कि जब स्कूलों में शौचालय जैसी बुनियादी सुविधा की समस्या ...
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