लखनऊ, जनवरी 8 -- लखनऊ, विधि संवाददाता। हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में न्यायिक ढांचे के विस्तार को लेकर स्वतः संज्ञान जनहित याचिका पर सुनवायी के दौरान अपर मुख्य सचिव (वित्त) ने बताया कि 900 नई अदालतों तथा संबंधित पदों के सृजन के लिए बजट उपलब्ध है और इसी वित्तीय वर्ष में इसका प्रावधान भी हो जाएगा। इस पर न्यायालय ने कहा कि 31 मार्च के लिए ज्यादा समय नहीं बचा है, लिहाजा सरकार द्वारा जल्दी निर्णय लिया जाएगा। न्यायालय ने मामले की अगली सुनवायी के लिए 23 फरवरी की तिथि नियत की है। न्यायमूर्ति राजन रॉय व न्यायमूर्ति राजीव भारती की खंडपीठ ने यह आदेश उक्त प्रकरण में स्वतः संज्ञान लेकर दर्ज की गयी एक जनहित याचिका पर सुनवायी करते हुए पारित किया। गुरुवार को न्यायालय के समक्ष उपस्थित होकर अपर मुख्य सचिव, वित्त दीपक कुमार ने बताया कि पहले चरण में 900 अदालतों क...