नई दिल्ली, दिसम्बर 4 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। देश के सरकारी प्राथमिक विद्यालयों में पहले से कार्यरत शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) उत्तीर्ण करने की अनिवार्यता का मुद्दा लोकसभा में सुनाई दिया। कई सांसदों ने सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप की मांग करते हुए अध्यादेश लाने की मांग की है। ताकि, शिक्षकों के भविष्य को सुरक्षित बनाया जा सके। लोकसभा में शून्यकाल के दौरान समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से देशभर में 25 लाख और उत्तर प्रदेश में दो लाख शिक्षक असुरक्षा की भावना से घिर गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र और राज्य सरकार की तरफ से कमजोर पैरवी की वजह से एक सितंबर, 2025 को उच्चतम न्यायालय का यह फैसला आया है। धर्मेंद्र यादव ने कहा कि सरकार को जल्द से जल्द अध्यादेश जारी कर या संव...