शाहजहांपुर, जनवरी 30 -- जलालाबाद, संवाददाता। सोहम आश्रम जलालाबाद में चल रहे सप्तदिवसीय सत्संग समारोह के दौरान सोहं पीठाधीश्वर स्वामी सत्यानन्द महाराज ने श्रद्धालुओं को संसार की क्षणभंगुरता का बोध कराया। इस दौरान काफी संख्या में भक्त पहुंचे थे। स्वामी सत्यानन्द ने कहा कि भौतिक वस्तुओं से मिलने वाला सुख क्षणिक होता है, उससे स्थायी शांति या आनंद की प्राप्ति नहीं हो सकती। इसलिए जीवन में विवेकपूर्वक सत और असत का भेद समझना आवश्यक है। आत्मा को नित्य और जगत को अनित्य बताते हुए उन्होंने सत्य को हृदय में धारण करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में स्वामी प्रीतमदास जी ने रामायण के विभिन्न प्रसंगों का वर्णन करते हुए सत्संग से होने वाले लाभों पर प्रकाश डाला। उन्होंने श्रद्धालुओं को श्रीराम के आदर्शों को जीवन में अपनाने की प्रेरणा दी। स्वामी शिवानंद जी ने ...