मुरादाबाद, फरवरी 23 -- आर्य समाज स्टेशन रोड पर रविवार को साप्ताहिक सत्संग में आर्य पुरोहित वीरेंद्र आर्य ने राजेश नारंग और डॉ़ आलोक कुमार की यज्ञमानी में वैदिक रीति से संपन्न कराया। इसके बाद रविंद्र आर्य ने भजन प्रस्तुत किया और डॉ़ राम मुनि ने सत्यार्थ प्रकाश का पाठ किया। आर्य विद्वान सूर्य प्रकाश द्विवेदी ने वेद व्याख्या की। महर्षि दयानंद सरस्वती के द्विजन्म शताब्दी पर बोलते हुए आर्य विद्वान आचार्य विमल शास्त्री ने बताया कि महर्षि दयानंद सरस्वती ने गुरु विरजानंद को गुरु दक्षिणा में पूर्ण जीवन देने के संकल्प को आजीवन पूर्व करके इतिहास में पहली बार खुद को इस राष्ट्र के प्रति समर्पित किया। आचार्य ने आगे बताते हुए कहा कि हिन्दी साहित्य के अलंकृत साहित्यकार आचार्य रामचंद्र शुक्ल ने महर्षि दयानंद के बारे में बताया कि महर्षि दयानंद गुजराती होते...
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