पूर्णिया, फरवरी 23 -- बनमनखी, संवाद सूत्र।संत शिरोमणि महर्षि मेंही की पावन जन्मस्थली पर आकर आज हम लोग धन्य हो गए। गुरु महाराज की कृपा से उनके पितृ जन्मस्थली पर आने का हम लोगों को सौभाग्य प्राप्त हुआ है। बनमनखी की इस तपो भूमि को बार-बार नमन है उक्त बातें श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए भागीरथ दास जी महाराज ने अपने प्रवचन के दौरान कही। उन्होंने कहा कि गुरु का जहां दरबार लगता है वहां गुरु की कृपा निश्चित बरसती है। यहां उपस्थित आप तमाम श्रद्धालुओं एवं सत्संगियों पर गुरु की कृपा अवश्य होगी। उन्होंने कहा कि हम सभी आज सत्संग में उपस्थित हैं। सत्संग मानव को मोक्ष की ओर ले जाता है। मनुष्य को अपने भौतिक जीवन से निकलकर परमात्मा की भक्ति में लीन हो जाना चाहिए। ईश्वर की भक्ति एवं सत्संगी के बिना मानव जीवन शून्य है। अपने संबोधन में सनातन जी महाराज ने क...