हापुड़, अगस्त 29 -- शैलेष फॉर्म कॉलोनी में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन गुरुवार को श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। कथा व्यास आचार्य जयप्रकाश शास्त्री ने भक्तों को धर्म, भक्ति और मर्यादा का अनमोल संदेश दिया। आचार्य ने कहा कि भक्त और भगवान का संबंध केवल प्रेम और समर्पण से ही सुदृढ़ होता है। उन्होंने कहा कि जब भक्त पूर्ण विश्वास और श्रद्धा से भगवान का स्मरण करता है, तो भगवान स्वयं उसके रक्षक बन जाते हैं। इसके बाद उन्होंने भगवान श्रीराम के जीवन चरित्र का सुंदर वर्णन करते हुए श्रोताओं को मर्यादा का महत्व समझाया। कथा में भगवान श्रीराम और चारों भाइयों का जन्मोत्सव बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। कथा के अंत में श्रद्धालुओं ने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव भी बड़ी धूमधाम से मनाया। पूरा पंडाल नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल...