सिद्धार्थ, अप्रैल 18 -- डुमरियागंज, हिन्दुस्तान संवाद। डुमरियागंज क्षेत्र के बनगवां नानकार गांव में चल रहे श्रीमद् भागवत कथा के दूसरे दिन बुधवार की रात अयोध्या से पधारे कथावाचक विजय राघव दास रामायणी ने श्रोताओं को श्रीमद् भागवत महापुराण की महिमा का रसपान कराया। कथा की महिमा सुन श्रद्धालु भाव विभोर हो गए। कथा व्यास ने बताया कि श्रीमद् भागवत महापुराण भक्ति, ज्ञान, वैराग्य और तत्वबोध से भरा हुआ है। इसमें तीन मुख्य संवाद, नारद और भक्ति संवाद, सनत कुमार और नारद संवाद व गोकर्ण और धुंधकारी संवाद के माध्यम से इसकी महिमा का विस्तार किया गया है। शास्त्री ने बताया कि पहले संवाद में अर्पण की कथा, दूसरे में समर्पण की कथा और तीसरे में तर्पण की कथा है। श्रीमद् भागवत महापुराण के अनुसार जो कार्य समाज के लिए किया जाए वह अर्पण है, जो भगवान के लिए किया जाए व...
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