हापुड़, नवम्बर 19 -- हापुड़ । पूज्य श्री मन्माध्व-गौड़ेश्वर वैष्णवाचार्य पुंडरीक गोस्वामी महाराज के श्रीमुख से एलएन रोड पर चल रही श्रीमद्भागवत कथा के प्रथम दिवस का आयोजन भक्ति एवं श्रद्धा से सम्पन्न हुआ। कथा की शुरुआत हरिनाम संकीर्तन और मंगलाचरण के साथ हुई, जिसमें महाराज श्री ने श्रीमद्भागवत महापुराण के महत्व को विस्तार से बताया। उन्होंने बताया कि कैसे यह ग्रंथ केवल शास्त्री ज्ञान ही नहीं, बल्कि आत्मकल्याण का दार्शनिक मार्ग भी है।इससे पूर्व कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें श्रद्धालुओं ने भाग लिया। महाराज श्री ने कथा में राजा परीक्षित की कथा, सुखदेव जी के आगमन और भगवान श्रीकृष्ण के बाल लीलाओं का बहुत हृदयस्पर्शी वर्णन किया। उन्होंने भक्ति और शरणागति के महत्व को स्पष्ट करते हुए जीवन में सत्संग और मन की शुद्धता पर बल दिया।कथा के दौरान महाराज जी ...