जौनपुर, दिसम्बर 19 -- खेतासराय, हिन्दुस्तान संवाद। नगर के श्रीरामजानकी मंदिर ठाकुर द्वारा भारती विद्यापीठ में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन शुक्रवार को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालुओं ने भागवत कथा का रसपान किया। प्रबंधक अनिल कुमार उपाध्याय ने पूजन किया। कथा व्यास पं.अखिलेश चंद्र मिश्र ने विदुर की कथा सुनाते हुए बताया कि भगवान भाव के भूखे हैं। एक निर्मल मन, दूसरों के प्रति करुणा और सेवा भाव ही सच्ची भक्ति है। भगवान श्रीकृष्ण ने दुर्योधन के छप्पन भोग त्यागकर विदुर के यहां साग और केले के छिलके खाए। क्योंकि दुर्योधन के मन मे अभिमान था और विदुर के मन भाव था। भगवान कपिल के अवतार की कथा में सांख्य योग प्रतिपादित करते हुए प्राणि मात्र की सेवा को ही उन्होंने असली भक्ति बताया। ध्रुव चरित्र सुनाते हुए बताया कि भगवत्स्मरण...