शिमला, जुलाई 18 -- हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के कोटखाई उपमंडल के चैथला गांव में वर्षों से विवादित 275 बीघा वन भूमि को कब्जा मुक्त कराने के लिए प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। हाईकोर्ट के फरमान पर 12 जुलाई से शुरू हुई इस मुहिम में अब तक कुल 4530 सेब और नाशपाती के पेड़ काटे जा चुके हैं। शुक्रवार 18 जुलाई को भी वन विभाग की टीम ने पांदली गांव चैथला में 228 फलदार पेड़ काटकर अतिक्रमण हटाया।सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी सरकार प्रदेश सरकार ने इस कार्रवाई को लेकर अब बड़ा फैसला लिया है। शुक्रवार शाम को राजस्व व बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में तय किया गया कि हिमाचल हाईकोर्ट के इस आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी जाएगी। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खु भी कह चुके हैं कि सरकार इस फैसले के कानूनी पहलुओं पर गंभ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.