दुमका, दिसम्बर 24 -- शिकारीपाड़ा, प्रतिनिधि। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद दुमका द्वारा उपायुक्त से शिकारीपाड़ा एवं गोपीकांदर प्रखंड में चल रहे पत्थर क्रशर खदान की जांच करने की मांग की गई है। मामले को लेकर परिषद के संजय मडिया ने बताया कि शिकारीपाड़ा एवं गोपीकांदर प्रखंड क्षेत्र में संचालित क्रशर एवं पत्थर खदानों के कारण क्षेत्र में गंदगी, प्रदूषण तथा विभिन्न बीमारियों में निरंतर वृद्धि हो रही है। कई जगह पत्थर खदान क्रेशर द्वारा खास गोचर अनावादी भूमि अवैध रूप से अतिक्रमण कर उपयोग कर भूमिका प्रकृति बर्बाद कर रहे हैं। इसका प्रतिकूल प्रभाव स्थानीय नागरिकों एवं छात्रों पर भी पड़ रहा है। अभाविप ने उपायुक्त को बताया कि पत्थर खदान, क्रशर,वाहन मालिक एनजीटी अधिनियम के तहत कार्य नहीं कर रहे हैं।

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