बांका, नवम्बर 28 -- बांका। एक संवाददाता बांका-समुखिया मुख्य मार्ग पर स्थित रेलवे ओवरब्रिज हर शाम अंधेरे में समा जाता है। ओवरब्रिज का निर्माण तो वर्षों पहले कर दिया गया, लेकिन आज तक यहाँ स्ट्रीट लाइट या रिफ्लेक्शन लाइट नहीं लगाई जा सकी। परिणामस्वरूप, सूर्यास्त के बाद पुल पूरी तरह अंधकार में डूब जाता है और वाहन चालकों के लिए बड़ा खतरा बन जाता है। पुल की सतह पर बने गड्ढे और ऊबड़-खाबड़ हिस्से रात में बिल्कुल नजर नहीं आते, जिससे दोपहिया और चारपहिया वाहनों के दुर्घटनाग्रस्त होने की आशंका लगातार बनी रहती है। मुख्य मार्ग पर होने के बावजूद अनदेखी यह ओवरब्रिज बांका-समुखिया मार्ग को जोड़ता है और इस मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों वाहन गुजरते हैं। अमरपुर, भागलपुर, शंभूगंज, सुल्तानगंज, फुल्लीडुमर और रजौन तक जाने वाले वाहन इसी ब्रिज होकर आगे बढ़ते हैं। ओढ़नी ...