मुजफ्फरपुर, फरवरी 25 -- मुजफ्फरपुर, वरीय संवाददाता। शहरी क्षेत्र में आवारा कुत्तों के आतंक से लोग परेशान हैं। नगर निगम क्षेत्र में मौजूद करीब आठ हजार आवारा कुत्ते पैदल राहगीरों और बाइक चालकों के लिए सबसे अधिक मुसीबत बने हैं। हर दिन लोग इन कुत्तों के शिकार बन रहे हैं, फिर भी इनपर लगाम के लिए निगम के पास कोई प्लान नहीं है। कुत्तों के पकड़ने के लिए मंगाया गया डॉग कैचर वाहन निगम के बहलखाना में जंग खा रहा है। इसका कारण निगम में कुत्ता पकड़ने वाले प्रशिक्षत मानव बल का नहीं होना है। जनवरी 2023 में निगम बोर्ड और सशक्त स्थाई समिति द्वारा कुत्तों को पकड़ने और उनके नसबंदी करने के लिए एक करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया था। कुत्तों की नसबंदी की योजना अब भी फाइलों में घूम रही है। वर्ष 2022 के अगस्त में तीन साल की एक मासूम बच्ची को उसकी मां के सामने ही...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.