नई दिल्ली, अक्टूबर 4 -- Sharad purnima Moonrise time: आश्विन माह की पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा कहा जाता है। शरद पूर्णिमा को कोजागरी पूर्णिमा, रास पूर्णिमा या कोजागरी लक्ष्मी पूजा के नाम से भी जानते हैं। इस साल शरद पूर्णिमा 6 अक्टूबर, सोमवार को है। मान्यता है कि इस दिन मां लक्ष्मी के साथ चंद्रमा को अर्घ्य देने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है। शरद पूर्णिमा के दिन शाम को चांद की रोशनी में खीर रखने की परंपरा है। मान्यता है कि इस दिन मां लक्ष्मी धरती पर विचरण करती हैं और अपने भक्तों पर कृपा बरसाती हैं। कहा जाता है कि शरद पूर्णिमा के दिन आसमान से अमृत वर्षा होती है। इस दिन चंद्रमा अपनी 16 कलाओं से युक्त होता है और उसकी किरणें अमृत के समान बनकर सेहत को लाभ पहुंचाती हैं। जानें शरद पूर्णिमा का चांद कितने बजे दिखेगा और चंद्र दर्शन व पूजन से मिलने वाल...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.